पत्र प्रक्रिया

(19/May/2015)

आपके द्वारा प्रकाशित मासिक पत्रिका ‘इलेक्ट्रोनिकी आपके लिए’ का अप्रैल 2015 अंक मुझे प्राप्त हुआ। इसकी काबिलियत का बयान शब्दों में करना यूँ तो मेरे लिए सम्भव नहीं है। यह पत्रिका समाज में एक वैज्ञानिक दृष्टिकोण एवं जागरूकता लाने में एक अहम भूमिका निभा रही है। इस अंक में प्रकाशित सभी लेख ज्ञानवर्धक एवं समसामयिकता से भरपूर हैं। मुझे इस पत्रिका के बारे वर्ष 2014 में जानकारी प्राप्त हुई और तब से मैं इसका नियमित पाठक हूँ। आशा है कि विज्ञान विषय केंद्रित यह पत्रिका हमेशा पाठकों का मार्गदर्शन तथा विद्यार्थियों के लिए सरल एवं बोधगम्य लेख उपलब्ध कराती रहेगी। सम्पादकीय टीम को बधाईयाँ एवं शुभकामनाएँ।

- प्रदीप कुमार, दिल्ली

 

‘इलेक्ट्रॉनिकी आपके लिए’ का अप्रैल अंक प्राप्त हुआ। आभारी हूँ। पिछले अंकों की भांति यह अंक भी अनूठा है। बहुत अच्छे लेखों के अतिरिक्त भरपूर जानकारियां हैं। मुझे जो लेख विषेष रूप से अच्छे लगे वे हैं ‘कहानी न्यूट्रीनों के खोज की’, ‘अंतरिक्ष में जाने वाले प्रथम जुड़वा भाई मार्क केली और स्कॉट केली’, ‘अंतर्राष्ट्रीय प्रकाष वर्ष’, विज्ञान कथा ‘मैकेनिकल एज्यूकेटर’। सभी स्थाई स्तम्भ अत्यंत नई जानकारियों से युक्त हैं। यह जानकर अत्यंत प्रसन्नता हुई कि वर्तमान में आपकी यूनिवर्सिटी में कई राज्यों के बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं और यह भी सूचना प्रौद्योगिकी की पढ़ाई हिन्दी भाषा के माध्यम से। आपका यह प्रयास प्रषंसनीय तो है ही अनुकरणीय भी है। साधुवाद स्वीकारें। पत्रिका उत्तरोत्तर प्रगति पथ पर है। हिन्दी विज्ञान लेखन के मषाल की लौ आपके और आपके सहयोगियों के प्रयासों से हिन्दी विज्ञान को प्रकाषमान कर रही है। 

- प्रेमचन्द्र श्रीवास्तव, इलाहाबाद

 

मुझे यह बताते हुये अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि मेरा चयन एक सॉफ्टवेयर कंपनी में हो गया है। चयन के दौरान हुए साक्षात्कार में मुझसे वर्तमान तकनीक से संबंधित कई प्रष्न किये गये। इन सभी प्रष्नों का मैं सही उत्तर दे पाया। यह इसलिये संभव हुआ कि मैं आपकी पत्रिका का नियमित पाठक हूँ और इस पत्रिका में पिछले समय से लिख रहा हूँ। इलेक्ट्रॉनिकी आपके लिए में लेखन करना मेरे लिये बहुत लाभप्रद रहा। मैं संपादन मंडल को अपनी ओर से धन्यवाद देता हूँ। आपकी उत्कृष्ट पत्रिका के कारण ही मेरा चयन हो सका। पत्रिका के भविष्य के लिये षुभकामनाएँ।

- धर्मेन्द्र मेहता, झारखंड